Thursday, 17 May 2018

तेजी से बढ़ रहा कासर ब्लैक होल का खतरा,पूरे ब्रम्हांड को निगल सकता है


‘कासर’ नाम से खोजे गए इस ब्लैक होल से निकलने वाली उर्जा ज्यादातर पराबैंगनी किरणों से निकलने वाली होती है साथ ही इसमें एक्स-रे किरणें भी होती है। उन्होंने यह भी बताया कि अगर ये पृथ्वी के समक्ष स्थित दूधिया आकाशगंगा के पास स्थापित हो जाए तो इससे निकलने वाली अधिकतम हानिकारक और जहरीली उर्जा से धरती पर जीवन बचने की कोई गुंजाइश नहीं रहेगी।

वैज्ञानिकों ने १२०, साल से अधिक समय पहले के दौरान का शोध किया है जब पूरा ब्रह्मांड एक काले अंधेरे में हुआ करता था। उस दौरान इस विशाल ब्लैक होल का आकार २०, अरब सूरज के बराबर था। प्रत्येक १०, साल में एक फीसद की दर से इसके आकार में वृद्धि होती रही। लेकिन हाल के वर्षों में इसके आकार में तेजी से वृद्धि हो रही है।