Monday, 25 June 2018

कचरा चुनते थे पिता,बेटी ने मुश्किलों को झेल कर पूरी की पढ़ाई,बोली- पापा के सपने को पूरा करना है


51 साल के Cristito Quimado ने ये साबित कर दिया है कि एक पिता की पास चाहे खान के पैसे ना हो लेकिन बच्चों को पढ़ाने के लिए वो कुछ भी कर सकते हैं। ऐसी ही कहानी है इनकी। अपनी बेटी को पढ़ाने के लिए Cristito कचरा उठाने का काम करते हैं जिससे उनकी बेटी ग्रेजुएट हो सके।

फिलीपींस जैसे देश में जहां खाने की भी परेशानी हो वहां पर ग्रेजुएट होना बहुत बड़ी बात है। खासकर इतने कम पैसे में जिसमें घरवालों का ही खर्चा मुश्किल से चलता हो। लेकिन Cristito ने अपनी गरीबी को कभी भी बच्चों की पढ़ाई के बीच नहीं आने दिया। वो पिछले 20 सालों से रोज सुबह 3 बजे उठकर कचरा चुनने के लिए निकल जाते हैं।

Cristito ने बताया कि उनका काम इतना भी आसान नहीं है, उन्हें हर तरीके के कचरे को उठाना पड़ता है। कई बार कांच के टुकड़ो से उनको भी चोट लग जाती है, लेकिन वो ये सब अपने परिवार के लिए करते हैं।

Cristito की मेहनत से सीख ले उनकी बेटी ने अपनी पढ़ाई पूरी करली है और अब वो ग्रेजुएट हो गई है। Cristito की बेटी ने साइंस में ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल की है। Cristito की बेटी ने बताया कि किस तरह उसके पिता ने उसे यहां तक पढ़ाने के लिए इतनी मेंहनत की है। उसने बताया कि वो भगवान की शुक्रगुजार हैं कि उन्होनें उसे ऐसे पिता दिया है।

उसके पिता की मेहनत के बिना वो कभी यहां तक नहीं पहुंच सकती थी। Cristito की बेटी ने बताया कि उसे उसके पिता के काम पर कोई शर्म नहीं है, बल्कि उसे गर्व है कि उन्होनें इतनी कम पैसे में भी परिवार के साथ उसकी पढ़ाई का ध्यान रखा।

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